बुधवार, सितम्बर 16, 2026

बरसात में घर की सीलन से कैसे राहत पाएं: आसान और असरदार उपाय

Date:

घर की सीलन

बारिश के मौसम में दीवारों पर नमी और पपड़ी जमना आम समस्या है। जानिए घर की सीलन को जड़ से खत्म करने के प्रैक्टिकल उपाय।

मुख्य बातें

  • सीलन रोकने के लिए सबसे पहले पानी के आने का मुख्य स्रोत (जैसे छत की दरार या पाइप लीक) ढूंढें।
  • बाहरी दीवारों पर वाटरप्रूफ कोटिंग और क्रैक फिलर का इस्तेमाल करें।
  • बाथरूम और किचन में एग्जॉस्ट फैन चलाकर नमी और भाप को बाहर निकालें।
  • फर्नीचर को नम दीवारों से कम से कम दो से तीन इंच दूर रखें ताकि हवा का सर्कुलेशन बना रहे।

घर की सीलन बरसात के दिनों में न केवल घर की खूबसूरती बिगाड़ती है, बल्कि सेहत के लिए भी नुकसानदायक होती है। दीवारें काली पड़ने लगती हैं, पेंट उखड़ने लगता है और घर में अजीब सी बदबू आने लगती है। इस समस्या से स्थाई रूप से छुटकारा पाने के लिए सिर्फ ऊपर से पुट्टी या पेंट करना काफी नहीं है, बल्कि इसके मूल कारण को ठीक करना जरूरी है।

घर की सीलन क्या है?

घर की सीलन दीवारों, छतों या फर्श में नमी के प्रवेश करने और उसके सूख न पाने की स्थिति है। जब मानसून का पानी या जमीन के नीचे की नमी दीवारों के जरिए सोख ली जाती है, तो वह वाष्पित नहीं हो पाती और सतह पर फंगस, पपड़ी या सीलन के रूप में दिखाई देने लगती है।

घर की सीलन के प्रमुख कारण

समस्या को सुलझाने से पहले यह जानना जरूरी है कि नमी कहां से आ रही है। सीलन मुख्य रूप से चार जगहों से फैलती है:

  • छत की दरारों या खराब वाटरप्रूफिंग के कारण ऊपर से पानी का रिसना।
  • बाथरूम या किचन की अंदरूनी पाइपलाइन में लीकेज होना।
  • जमीन से नमी का दीवारों के सहारे ऊपर चढ़ना (राइजिंग डैम्प)।
  • बरसात के दिनों में कमरों में वेंटीलेशन की कमी और उमस।

बरसात में घर की सीलन रोकने के उपाय

अगर आपके घर में नमी आनी शुरू हो गई है, तो इन तरीकों से उसे आगे फैलने से रोका जा सकता है:

  1. लीकेज की जांच करें और प्लंबर या मिस्त्री की मदद से लीक हो रहे पाइप तुरंत बदलवाएं या ठीक करवाएं।
  2. छत पर एक्रिलिक या सिमेंटBased वाटरप्रूफ कोटिंग करवाएं ताकि बारिश का पानी छत में न समा सके।
  3. दीवारों के बाहरी हिस्सों पर सीमेंट के साथ वाटरप्रूफ केमिकल मिलाकर प्लास्टर की मरम्मत करवाएं।
  4. कमरों के अंदर खिड़कियां और दरवाजे थोड़ी देर खुले रखें ताकि क्रॉस वेंटिलेशन से हवा का संचार बना रहे।
  5. फर्नीचर को नम दीवारों से सटाकर न रखें, उनके बीच थोड़ा गैप छोड़ें।

सीलन और फंगस हटाने की सही प्रक्रिया

दीवारों पर जमी फफूंदी (फंगस) को हटाने के लिए सबसे पहले सैंडपेपर या खुरचनी की मदद से प्रभावित हिस्से की पपड़ी साफ करें। इसके बाद एंटी-फंगल या क्लोरीन सॉल्यूशन से दीवार को धोएं। दीवार पूरी तरह सूखने के बाद उस पर वॉटर-रेपेलेंट प्राइमर लगाएं और फिर एंटी-डैम्प पेंट का कोट करें।

कब बुलाएं किसी प्रोफेशनल को?

यदि सीलन बहुत ज्यादा पुरानी है और घर की नींव तक पहुंच रही है, तो घरेलू नुस्खे काम नहीं आएंगे। ऐसी स्थिति में किसी सर्टिफाइड वाटरप्रूफिंग एक्सपर्ट या सिविल इंजीनियर से संपर्क करें। वे दीवारों में इंजेक्शन ग्राउटिंग तकनीक से नमी को अंदर ही ब्लॉक कर देते हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्रश्न? क्या सिर्फ नया पेंट करवाने से घर की सीलन चली जाती है? उत्तर। नहीं, जब तक सीलन के आने के स्रोत (जैसे लीक पाइप या छत की दरार) को बंद नहीं किया जाता, नया पेंट भी कुछ दिनों में उखड़ जाएगा।

प्रश्न? क्या एसी चलाने से सीलन कम होती है? उत्तर। हां, एयर कंडीशनर का ड्राई मोड कमरे की हवा से अतिरिक्त नमी को सोख लेता है, जिससे दीवारों को सूखने में मदद मिलती है।

प्रश्न? सीलन से सेहत पर क्या असर पड़ता है? उत्तर। लगातार नमी और फंगस के संपर्क में रहने से सांस की बीमारी, दमा (अस्थमा) और त्वचा संबंधी एलर्जी का खतरा बढ़ जाता है।

यह जानकारी केवल सामान्य जागरूकता के लिए है। किसी भी बड़े निर्माण कार्य या केमिकल के इस्तेमाल से पहले योग्य विशेषज्ञ से सलाह ज़रूर लें।

यह लेख आज पत्रिका की एक्सप्लेनर डेस्क द्वारा सामान्य जागरूकता के लिए तैयार किया गया है। नियम और प्रक्रियाएं समय-समय पर बदल सकती हैं — कृपया आधिकारिक स्रोत से पुष्टि करें। सुधार/सुझाव: corrections@aajpatrika.com

दीक्षा कुमारी
दीक्षा कुमारी
दीक्षा कुमारी आज पत्रिका में वरिष्ठ संपादक हैं और शिक्षा, परीक्षाएँ एवं परिणाम, खेल, मनोरंजन, धर्म-संस्कृति तथा लाइफस्टाइल कवरेज की ज़िम्मेदारी संभालती हैं। वे परीक्षा अधिसूचनाओं, रिजल्ट, प्रवेश प्रक्रिया, त्योहारों की परंपराओं और स्वास्थ्य-जीवनशैली से जुड़ी सामग्री को सरल, सटीक और सत्यापित रूप में पाठकों तक पहुँचाती हैं। स्वास्थ्य से जुड़े लेखों में वे हमेशा योग्य विशेषज्ञ से सलाह लेने की सलाह जोड़ती हैं। सुझाव/सुधार: corrections@aajpatrika.com।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

अग्निवीर भर्ती 2026: सेना, नौसेना और वायुसेना में कैसे जाएं?

अग्निवीर भर्ती के जरिए थल सेना, नौसेना और वायुसेना में 4 साल की सेवा के लिए आवेदन कैसे करें। आयु सीमा, योग्यता और पूरी चयन प्रक्रिया जानें।

टीम इंडिया चयन प्रक्रिया: घरेलू क्रिकेट से भारतीय टीम तक कैसे पहुंचते हैं खिलाड़ी?

टीम इंडिया चयन की पूरी प्रक्रिया समझें। जानिए कैसे रणजी, आईपीएल, यो-यो टेस्ट और चयन समिति के फैसले से भारतीय टीम बनती है।

केप टाउन में राष्ट्रमंडल संसदीय सम्मेलन जारी, भारतीय प्रतिनिधिमंडल ले रहा है हिस्सा

दक्षिण अफ्रीका के केप टाउन में आयोजित 69वें राष्ट्रमंडल संसदीय सम्मेलन में राज्यसभा उपसभापति हरिवंश के नेतृत्व में भारतीय प्रतिनिधिमंडल भाग ले रहा है।

स्वच्छता पखवाड़ा 2026: औषध विभाग और नाईपर में चला स्वच्छता अभियान

स्वच्छता पखवाड़ा 2026 के तहत औषध विभाग, नाईपर और जन औषधि केंद्रों पर विशेष सफाई अभियान चलाया गया। जानिए इसके प्रमुख कार्यों के बारे में।
हमारे बारे में · संपादकीय नीति · सुधार नीति · स्वामित्व एवं वित्त पोषण · गोपनीयता नीति · संपर्क करें
© 2026 Aaj Patrika