
नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने विशेष अभियान (एससीडीपीएम) 5.0 के दौरान लंबित मामलों, शिकायतों और कबाड़ के निपटान में उल्लेखनीय प्रगति दर्ज की है।
मुख्य बातें
- विशेष अभियान 5.0 के तहत 1 नवंबर 2025 से 31 अगस्त 2026 तक की अवधि में कार्य किए गए।
- कबाड़ और ई-वेस्ट के निपटान से कुल 41,20,582 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
- अभियान के दौरान लगभग 18,308 वर्ग फीट कार्यालय स्थान को खाली कराया गया।
- मंत्रालय ने लगभग 99 प्रतिशत की उत्कृष्ट शिकायत निवारण दर हासिल की।
केन्द्रीय नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने विशेष अभियान 5.0 के तहत लंबित मामलों के निपटान और स्वच्छता के मोर्चे पर महत्वपूर्ण सफलता हासिल की है। पत्र सूचना कार्यालय (PIB) द्वारा जारी रिपोर्ट के अनुसार, यह अभियान 1 नवंबर 2025 से 31 अगस्त 2026 की अवधि के दौरान चलाया गया था। इस पूरी अवधि में नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू के नेतृत्व में मंत्रालय ने प्रशासनिक सुधार और जन शिकायतों के त्वरित समाधान की दिशा में कड़े कदम उठाए हैं।
विशेष अभियान 5.0 क्या है और इसका क्या प्रभाव रहा
विशेष अभियान 5.0 (एससीडीपीएम) केंद्र सरकार की एक ऐसी पहल है जिसका उद्देश्य सरकारी कार्यालयों में लंबित फाइलों को कम करना, स्वच्छता को बढ़ावा देना और कार्य संस्कृति में सुधार करना है। नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने इस अभियान के अंतर्गत विमानन क्षेत्र और प्रशासनिक कामकाज दोनों में ही बेहतरीन आंकड़े दर्ज किए हैं। मंत्रालय ने अपने दफ्तरों को अव्यवस्था मुक्त बनाने के लिए युद्धस्तर पर काम किया है।
साफ-सफाई और राजस्व प्राप्ति के आंकड़े
इस विशेष अभियान के दौरान मंत्रालय के विभिन्न दफ्तरों में बड़े पैमाने पर छंटाई और सफाई का काम किया गया। कबाड़ और बेकार सामान के निस्तारण से सरकारी खजाने को भी फायदा पहुंचा है।
- कुल 6,803 भौतिक फाइलों और 1,316 ई-फाइलों की समीक्षा की गई, जिनमें से 570 ई-फाइलें बंद की गईं।
- अभियान के तहत कुल 1,628 भौतिक फाइलों को पूरी तरह से हटा दिया गया।
- देशभर के कार्यालयों में कुल 1,166 स्वच्छता अभियान चलाए गए।
- कबाड़ और ई-वेस्ट के निस्तारण से 18,308 वर्ग फीट जगह खाली हुई।
- कबाड़ बेचने से सरकार को 41,20,582 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
शिकायत निवारण और नागरिक-प्रथम दृष्टिकोण
पत्र सूचना कार्यालय के अनुसार, सरकार के ‘नागरिक-प्रथम’ दृष्टिकोण को मजबूत करने के लिए एयरसेवा और सीपीग्राम्स पोर्टलों के जरिए शिकायतों की लगातार डिजिटल निगरानी की गई। विमानन संचालन की रीयल-टाइम मॉनिटरिंग और यात्रियों की मुश्किलों को तुरंत सुलझाने के लिए मंत्री राम मोहन नायडू द्वारा 10 दिसंबर 2025 को पैसेंजर असिस्टेंस कंट्रोल रूम भी शुरू किया गया था। इस अवधि में 7,250 से अधिक सार्वजनिक शिकायतों और 2,100 अपीलों का समाधान करते हुए लगभग 99 प्रतिशत की शानदार शिकायत निवारण दर हासिल की गई।
अंतर-मंत्रालयी समन्वय और भविष्य की राह
प्रशासनिक कामकाज में तेजी लाते हुए मंत्रालय ने विभिन्न स्तरों पर लंबित संवादों का समय पर निपटारा किया। इसमें 41 सांसद संदर्भ, 20 प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) संदर्भ, 3 अंतर-मंत्रालयी परामर्श (IMC) संदर्भ और 14 राज्य सरकारों के संदर्भों का त्वरित समाधान शामिल है। इस तरह के अभियानों से न केवल सरकारी तंत्र पारदर्शी और उत्तरदायी बनता है, बल्कि आम नागरिकों का शासन प्रणाली पर भरोसा भी मजबूत होता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? विशेष अभियान 5.0 की अवधि क्या थी?
उत्तर। यह अभियान 1 नवंबर 2025 से 31 अगस्त 2026 तक की अवधि के दौरान चलाया गया था।
प्रश्न? कबाड़ के निपटान से मंत्रालय को कितना राजस्व मिला?
उत्तर। कबाड़ और बेकार फाइलों के निपटान से कुल 41,20,582 रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com






