
विधि एवं न्याय मंत्रालय के विधायी विभाग ने विशेष अभियान 6 के तहत कर्मचारियों के लिए विशेष स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया।
मुख्य बातें
- विधायी विभाग ने 27 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली में स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन किया।
- यह शिविर ‘विशेष अभियान 6’ के अंतर्गत कर्तव्य भवन-II की चौथी मंजिल पर लगाया गया।
- INDIA-AIDS गैर-सरकारी संगठन और राजीव गांधी कैंसर संस्थान के चिकित्सकों ने इसमें सहयोग दिया।
- विधायी विभाग के सचिव डॉ. राजीव मणि के मार्गदर्शन में यह पहल पूरी हुई।
विधि एवं न्याय मंत्रालय के विधायी विभाग द्वारा स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन 27 अक्टूबर 2026 को नई दिल्ली के कर्तव्य भवन-II में किया गया। प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) से मिली जानकारी के अनुसार, यह कार्यक्रम ‘विशेष अभियान 6’ का हिस्सा था, जिसका मुख्य उद्देश्य कर्मचारियों के बीच स्वास्थ्य जागरूकता और निवारक देखभाल को बढ़ावा देना था। इस विशेष आयोजन में विभाग के तमाम वरिष्ठ अधिकारियों और कर्मचारियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और अपनी सेहत की जांच कराई।
स्वास्थ्य जांच शिविर का मुख्य उद्देश्य और आयोजन
विधायी विभाग द्वारा आयोजित इस स्वास्थ्य जांच शिविर में कर्मचारियों को निवारक स्वास्थ्य देखभाल और नियमित मेडिकल चेकअप के महत्व के बारे में बताया गया। यह पूरा कार्यक्रम विधायी विभाग के सचिव डॉ. राजीव मणि के मार्गदर्शन में संपन्न हुआ। इस प्रकार की पहल का मुख्य उद्देश्य दफ्तरों में एक स्वस्थ और सकारात्मक कार्य वातावरण तैयार करना है, जिससे कर्मचारी अपनी भागदौड़ भरी जिंदगी में भी सेहत को प्राथमिकता दे सकें।
शिविर के सफल संचालन के लिए INDIA-AIDS नामक गैर-सरकारी संगठन की मदद ली गई। इस एनजीओ ने राजीव गांधी कैंसर संस्थान एवं अनुसंधान केंद्र के विशेषज्ञों और चिकित्सकों की टीम को शिविर में बुलाया। डॉक्टरों और उनके सहयोगी स्टाफ ने वहां मौजूद सभी प्रतिभागियों को जरूरी चिकित्सा परामर्श और स्वास्थ्य संबंधी मार्गदर्शन दिया।
किन अधिकारियों ने लिया शिविर में हिस्सा?
- श्री टी.एस. मुरलीधरन, संयुक्त सचिव एवं विधायी परामर्शदाता (JS&LC)
- विधायी विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी
- मंत्रालय के विभिन्न अनुभागों के कर्मचारी और सहायक स्टाफ
- राजीव गांधी कैंसर संस्थान के विशेषज्ञ चिकित्सक
कर्मचारी कल्याण और विशेष अभियान 6 का महत्व
सरकारी कार्यालयों में काम का भारी दबाव अक्सर कर्मचारियों के स्वास्थ्य को प्रभावित करता है। इसे ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार समय-समय पर विशेष अभियान चलाती है। इस कड़ी में ‘विशेष अभियान 6’ के तहत यह स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित किया गया। श्री टी.एस. मुरलीधरन ने इस आयोजन में सक्रिय रूप से भाग लिया और बाद में चिकित्सकों की पूरी टीम का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि ऐसे शिविर कर्मचारियों को समय पर अपनी सेहत की जांच कराने और बीमारियों से बचाव के प्रति सजग रहने के लिए प्रेरित करते हैं।
यह भी जानें: निवारक स्वास्थ्य देखभाल क्या है?
निवारक स्वास्थ्य देखभाल यानी प्रिवेंटिव हेल्थकेयर का मतलब बीमारी होने के बाद इलाज कराने की बजाय, समय रहते उसका पता लगाना और उसे रोकना है। इसमें नियमित रूप से ब्लड प्रेशर, शुगर, कैंसर स्क्रीनिंग और अन्य रूटीन जांच शामिल होती हैं। सरकारी विभागों द्वारा इस तरह के कैंप लगाने से कर्मचारियों को समय पर सही सलाह मिल जाती है, जिससे गंभीर बीमारियों का खतरा कम हो जाता है। आने वाले समय में भी इस तरह के कल्याणकारी कदम उठाए जाने की उम्मीद है ताकि कार्यस्थल पर स्वस्थ माहौल बना रहे।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? स्वास्थ्य जांच शिविर का आयोजन कहाँ किया गया था?
उत्तर। यह शिविर नई दिल्ली स्थित कर्तव्य भवन-II की चौथी मंजिल पर आयोजित किया गया था।
प्रश्न? यह शिविर किस अभियान के तहत लगाया गया था?
उत्तर। यह शिविर ‘विशेष अभियान 6’ के अंतर्गत आयोजित किया गया था।
प्रश्न? इस शिविर में किस अस्पताल के डॉक्टरों ने सेवाएं दीं?
उत्तर। इसमें राजीव गांधी कैंसर संस्थान एवं अनुसंधान केंद्र के चिकित्सकों ने सेवाएं दीं।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com






