
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एनडीटीवी वर्ल्ड समिट को संबोधित करते हुए कहा कि आज दुनिया एक नए दौर से गुजर रही है और ऐसे समय में भारत मानवता के कल्याण के लिए वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत भूमिका निभा रहा है।
मुख्य बातें
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 22 अक्टूबर 2026 को एनडीटीवी वर्ल्ड समिट को संबोधित किया।
- पीएम मोदी ने कहा कि भारत दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है।
- भारत ने एशियन गेम्स में इस बार 85 मेडल जीते हैं, जो देश की बढ़ती खेलकूद क्षमता को दिखाता है।
- प्रधानमंत्री ने एपीआई और पेनिसिलिन जी के घरेलू उत्पादन के लिए पीएलआई स्कीम का जिक्र किया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने नई दिल्ली में आयोजित एनडीटीवी वर्ल्ड समिट 2026 को संबोधित करते हुए कहा कि आज पूरी दुनिया एक नए वर्ल्ड ऑर्डर की तलाश में है और ऐसे दौर में भारत वैश्विक स्थिरता की एक बड़ी गारंटी बनकर उभर रहा है। पीआईबी के अनुसार, प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में अंतरराष्ट्रीय सहयोग, बदलते वैश्विक समीकरणों और देश के भीतर हो रहे अभूतपूर्व विकास का विस्तार से जिक्र किया। उन्होंने कहा कि कोरोना महामारी के दौरान दुनिया जब बंटी हुई नजर आ रही थी, तब भारत ने विश्व-बंधु की भूमिका निभाते हुए 100 से अधिक देशों को दवाइयां और टीके पहुंचाए थे।
एनडीटीवी वर्ल्ड समिट में वैश्विक व्यवस्था और भारत की भूमिका पर चर्चा
एनडीटीवी वर्ल्ड समिट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि वैश्विक संस्थाएं आज की जटिल चुनौतियों का सामना करने में असमर्थ साबित हो रही हैं। एनडीटीवी वर्ल्ड समिट के दौरान उन्होंने बताया कि किस प्रकार पुराने वैश्विक संस्थान अपनी सीमाओं से जूझ रहे हैं और नई ताकतों तथा ग्लोबल साउथ की आवाज़ को उचित मंच मिलना आवश्यक हो गया है। प्रधानमंत्री ने चाणक्य के अर्थशास्त्र का हवाला देते हुए कहा कि कमजोर व्यवस्थाएं ‘मत्स्य न्याय’ को जन्म देती हैं, जहां बड़ी मछली छोटी मछली को निगल जाती है। भारत का प्रयास हमेशा से ऐसी व्यवस्था को रोकने और पूरी मानवता के सामूहिक कल्याण का रहा है, जिसे देश ने जी20 और ब्रिक्स सम्मेलनों के दौरान आम सहमति बनाकर साबित भी किया है।
देश के भीतर आर्थिक और तकनीकी प्रगति की रफ्तार
प्रधानमंत्री ने देश के भीतर हो रहे विकास कार्यों का ब्योरा देते हुए कहा कि भारत आज टॉप-3 अर्थव्यवस्था बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। देश में ग्रीन एनर्जी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और स्टार्टअप इकोसिस्टम में अभूतपूर्व प्रगति दर्ज की गई है। इसके अलावा, भारत ने पहली बार नॉन-फॉसिल इलेक्ट्रिसिटी कैपेसिटी में 300 गीगावॉट का आंकड़ा पार कर लिया है। उन्होंने बताया कि हाल ही में संपन्न एशियन गेम्स में भारतीय खिलाड़ियों ने 85 पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया है, जिसमें महिला रिकर्व तीरंदाजी और बॉक्सिंग में ऐतिहासिक स्वर्ण पदक शामिल हैं।
मैनपावर से माइंडपावर तक का सफर
देश की तकनीकी क्षमता का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत अब केवल दुनिया का ‘वर्ल्ड्स बैक ऑफिस’ नहीं रहा, बल्कि ‘ब्रेन ऑफिस’ के रूप में अपनी पहचान बना चुका है। आज दुनिया की चिप-डिजाइन वर्कफोर्स का करीब 20 प्रतिशत हिस्सा भारत में काम कर रहा है। इसके साथ ही, फार्मा सेक्टर में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिए आंध्र प्रदेश के काकीनाडा में पेनिसिलिन जी का घरेलू उत्पादन फिर से शुरू हो चुका है, जिसे प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव यानी पीएलआई योजना के दायरे में लाया गया है। इस सेक्टर में अब तक 5 हजार करोड़ रुपये से अधिक का निवेश हो चुका है और 40 से ज्यादा प्रोजेक्ट शुरू किए जा चुके हैं।
- भारत ने एशियन गेम्स में इस बार कुल 85 पदक अपने नाम किए हैं।
- देश में सितंबर महीने में गुड्स और प्रोडक्ट्स का एक्सपोर्ट पिछले साल की तुलना में करीब 25 प्रतिशत बढ़ा है।
- प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना के तहत कम समय में लगभग 70 लाख नई नौकरियां सृजित हुई हैं।
- भारत में साल 2025 के दौरान करीब डेढ़ लाख पेटेंट फाइल किए गए हैं।
राजनीतिक कटाक्ष और देश की उपलब्धियां
संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री ने विपक्षी दलों, विशेषकर कांग्रेस पार्टी पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि एक तरफ जहां पूरा देश और दुनिया भारत की प्रगति की सराहना कर रही है, वहीं कुछ लोग विदेशों में जाकर देश को बदनाम करने के प्रयास में जुटे रहते हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह के नकारात्मक रवैए से देश के ईमानदार और लोकतांत्रिक आलोचकों की आवाज भी दब जाती है, जो देश के लोकतंत्र के लिए उचित नहीं है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? एनडीटीवी वर्ल्ड समिट का मुख्य विषय क्या था? उत्तर। इस समिट में मुख्य रूप से बदलते वैश्विक समीकरण, नए वर्ल्ड ऑर्डर की चुनौतियों और उसमें भारत की भूमिका पर विस्तार से चर्चा की गई।
प्रश्न? प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में किन प्रमुख क्षेत्रों में भारत की प्रगति का जिक्र किया? उत्तर। प्रधानमंत्री ने अर्थव्यवस्था, ग्रीन एनर्जी, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, स्टार्टअप, फार्मास्यूटिकल सेक्टर और खेलकूद में भारत की उपलब्धियों का उल्लेख किया।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com






