
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एशियाई पैरा खेलों में बैडमिंटन स्पर्धा में रजत पदक जीतने पर थुलासिमथी मुरुगेसन को बधाई दी है और उनके प्रदर्शन की सराहना की है।
मुख्य बातें
- थुलासिमथी मुरुगेसन ने एशियाई पैरा खेलों में रजत पदक जीता
- यह पदक बैडमिंटन महिला सिंगल्स एसयू-5 वर्ग में हासिल हुआ
- प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए दी बधाई
- प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) ने 23 अक्टूबर 2026 को इसकी घोषणा की
एशियाई पैरा खेलों में भारत की पैरा बैडमिंटन खिलाड़ी थुलासिमथी मुरुगेसन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए रजत पदक अपने नाम किया है। उनकी इस बड़ी उपलब्धि पर देश भर से बधाइयों का तांता लग गया है, जिसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी उन्हें शुभकामनाएं दी हैं। पीआईबी (प्रेस सूचना ब्यूरो) के अनुसार, यह पदक उन्होंने महिला सिंगल्स एसयू-5 वर्ग में हासिल किया है। खेल जगत में इस सफलता को भारतीय पैरा स्पोर्ट्स के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर माना जा रहा है।
एशियाई पैरा खेलों में थुलासिमथी मुरुगेसन की बड़ी उपलब्धि
थुलासिमथी मुरुगेसन ने महिला सिंगल्स एसयू-5 वर्ग के फाइनल मुकाबले में कड़ा संघर्ष करते हुए रजत पदक अपने नाम किया। एशियाई पैरा खेलों जैसे प्रतिष्ठित मंच पर पदक जीतना किसी भी एथलीट के लिए वर्षों की कड़ी मेहनत का परिणाम होता है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस सफलता पर खुशी जताते हुए कहा कि उनका यह प्रदर्शन देश भर के उभरते हुए खिलाड़ियों को प्रेरित करेगा। प्रधानमंत्री ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर अपने संदेश में लिखा कि उनका यह शानदार खेल भारतीय बैडमिंटन के इतिहास में गर्व का एक और क्षण जोड़ता है।
भारतीय बैडमिंटन और पैरा खेलों का बढ़ता दायरा
पिछले कुछ वर्षों में भारत के पैरा एथलीटों ने अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में अपने प्रदर्शन से अमिट छाप छोड़ी है। एशियाई पैरा खेलों में थुलासिमथी मुरुगेसन का यह रजत पदक इस बात का प्रमाण है कि देश के खिलाड़ी विश्व स्तर पर अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रहे हैं। एसयू-5 वर्ग उन खिलाड़ियों के लिए होता है जिनके ऊपरी अंगों में impairment यानी शारीरिक अक्षमता होती है, और इस वर्ग में मुकाबला बेहद कड़ा होता है। इस मुकाम तक पहुंचने के लिए खिलाड़ियों को शारीरिक और मानसिक दोनों स्तरों पर कठिन प्रशिक्षण से गुजरना पड़ता है।
इसका असर और आगे की राह
किसी भी खिलाड़ी की इस तरह की अंतरराष्ट्रीय सफलता से देश में उस खेल के प्रति जागरूकता बढ़ती है और युवाओं का रुझान खेलों की ओर आकर्षित होता है। प्रधानमंत्री कार्यालय (PMO) द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, सरकार और खेल मंत्रालय पैरा एथलीटों को हरसंभव बुनियादी ढांचा और प्रशिक्षण सहायता प्रदान कर रहे हैं। आने वाले समय में थुलासिमथी मुरुगेसन के सामने और भी कई बड़ी अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताएं होंगी, जहां वे देश के लिए और अधिक स्वर्ण पदक जीतने के उद्देश्य से मैदान पर उतरेंगी। खेल प्रेमियों को उम्मीद है कि वे इसी तरह अपनी मेहनत जारी रखेंगी और देश का मान बढ़ाती रहेंगी।
- प्रतियोगिता का नाम: एशियाई पैरा खेलों 2026
- विजेता खिलाड़ी: थुलासिमथी मुरुगेसन
- स्पर्धा का वर्ग: बैडमिंटन महिला सिंगल्स एसयू-5
- प्राप्त पदक: रजत पदक
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? थुलासिमथी मुरुगेसन ने कौन सा पदक जीता है? उत्तर। उन्होंने एशियाई पैरा खेलों में रजत पदक जीता है।
प्रश्न? यह पदक किस खेल और वर्ग में मिला है? उत्तर। यह पदक बैडमिंटन के महिला सिंगल्स एसयू-5 वर्ग में मिला है।
प्रश्न? इस उपलब्धि पर किसने बधाई दी है? उत्तर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया के माध्यम से उन्हें बधाई दी है।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com






