
पत्र सूचना कार्यालय (PIB) के अनुसार, आंध्र प्रदेश के गुंटूर और नंबूर रेलवे स्टेशनों के बीच लेवल क्रॉसिंग को हटाने के लिए 108 करोड़ रुपये की लागत से चार लेन के नए सड़क ओवरब्रिज का निर्माण किया जाएगा।
मुख्य बातें
- परियोजना की कुल अनुमानित लागत 108 करोड़ रुपये है, जिसका पूरा खर्च रेल मंत्रालय उठा रहा है।
- यह पुल 668 मीटर लंबा होगा और इसके निर्माण के लिए 2.9 एकड़ भूमि की आवश्यकता है।
- यह नया चार लेन का पुल गुंटूर-कृष्णा नहर खंड पर स्थित लेवल क्रॉसिंग गेट नंबर 3 का स्थान लेगा।
- केंद्रीय मंत्री वी. सोमन्ना और डॉ. पेम्मासानी चंद्र शेखर ने इस परियोजना की आधारशिला रखी।
गुंटूर ओवरब्रिज का निर्माण आंध्र प्रदेश के शहरी आवागमन को बेहतर करने और रेल सुरक्षा को बढ़ाने की दिशा में एक बड़ा कदम साबित होगा। प्रेस सूचना ब्यूरो (PIB) के अनुसार, गुंटूर और नंबूर रेलवे स्टेशनों के बीच चार लेन वाले इस नए सड़क ओवरब्रिज की आधारशिला केंद्रीय रेल और जल शक्ति राज्य मंत्री वी. सोमन्ना और केंद्रीय ग्रामीण विकास और संचार राज्य मंत्री डॉ. पेम्मासानी चंद्र शेखर द्वारा संयुक्त रूप से रखी गई है।
गुंटूर ओवरब्रिज परियोजना क्या है और इससे किसे लाभ मिलेगा?
गुंटूर और नंबूर के बीच बनने वाला यह चार लेन का गुंटूर ओवरब्रिज 668 मीटर लंबा होगा। रेल मंत्रालय इस पूरी परियोजना की लागत का 100 प्रतिशत वहन कर रहा है, जिसकी अनुमानित राशि करीब 108 करोड़ रुपये है। यह पुल गुंटूर-नाम्बूर लाइन के गुंटूर-कृष्णा नहर खंड पर स्थित लेवल क्रॉसिंग गेट नंबर 3 की जगह लेगा। शहर के इनर रिंग रोड के पास स्थित यह पुल सीधे बस स्टैंड रोड को गोरंटला गांव से जोड़ेगा। इस निर्माण कार्य के लिए कुल 2.9 एकड़ भूमि की आवश्यकता तय की गई है, और इसका काम जल्द ही शुरू होने वाला है।
परियोजना की मुख्य विशेषताएं
- परियोजना का नाम: एलसी गेट नंबर 3 के स्थान पर चार लेन के सड़क ओवरब्रिज का निर्माण
- स्थान: गुंटूर – नाम्बूर (गुंटूर – कृष्णा नहर खंड)
- कुल लागत: 108 करोड़ रुपये (रेलवे द्वारा पूर्ण वित्तपोषित)
- कुल लंबाई: 668 मीटर
- भूमि आवश्यकता: 2.9 एकड़
यात्री सुरक्षा और समय की बचत पर जोर
शिलान्यास समारोह के दौरान सभा को संबोधित करते हुए केंद्रीय रेल और जल शक्ति राज्य मंत्री वी. सोमन्ना ने कहा कि भारतीय रेलवे यात्री सुरक्षा और परिचालन दक्षता को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है। आधुनिक सड़क ओवरब्रिज और रेल ओवरब्रिज के माध्यम से लेवल क्रॉसिंग गेटों को समाप्त करना दुर्घटना-मुक्त परिवहन हासिल करने के लिए आवश्यक है। उन्होंने रेखांकित किया कि केंद्र सरकार आंध्र प्रदेश में तेजी से रेल अवसंरचना का आधुनिकीकरण कर रही है।
मंत्री ने आगे बताया कि यह नया चार लेन का पुल यात्रियों के बहुमूल्य समय की बचत करेगा, वाहनों की लंबी कतारों और ईंधन की बर्बादी को रोकेगा और क्षेत्रीय सामाजिक-आर्थिक विकास को गति देगा। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, इस पूरे जोन में सुरक्षा कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है ताकि आम जनता को सहूलियत मिल सके।
स्थानीय बुनियादी ढांचे का विकास और प्रशासनिक समन्वय
इस अवसर पर केंद्रीय ग्रामीण विकास एवं संचार राज्य मंत्री डॉ. पेम्मासानी चंद्र शेखर ने कहा कि केंद्र सरकार आंध्र प्रदेश के परिवहन नेटवर्क के तीव्र विस्तार के लिए पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। उन्होंने केंद्र और राज्य विभागों के बीच बेहतर तालमेल पर जोर दिया, जिससे गुंटूर क्षेत्र में प्रमुख सड़क और रेलवे परियोजनाओं को गति मिल रही है। इस परियोजना से स्थानीय निवासियों की लंबे समय से चली आ रही यातायात समस्याओं का स्थायी समाधान निकलेगा।
समारोह के दौरान दक्षिण तट रेलवे के महाप्रबंधक संदीप माथुर और गुंटूर की मंडल रेलवे प्रबंधक सुदेशना सेन ने व्यवस्थाओं का समन्वय किया। इस मौके पर राज्यसभा सांसद बश्याम रामकृष्ण के साथ-साथ पोन्नूर विधायक धुलिपल्ला नरेंद्र कुमार, पूर्वी गुंटूर विधायक मोहम्मद नज़ीर, पश्चिम गुंटूर विधायक गल्ला माधवी और प्रतिपाडु विधायक बी.आर. रामंजनेयुलु सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? गुंटूर ओवरब्रिज परियोजना की कुल लागत कितनी है?
उत्तर। इस चार लेन के सड़क ओवरब्रिज की अनुमानित लागत 108 करोड़ रुपये है, जिसका पूरा खर्च रेल मंत्रालय द्वारा उठाया जा रहा है।
प्रश्न? यह पुल किस जगह पर बनाया जा रहा है?
उत्तर। यह पुल गुंटूर और नंबूर रेलवे स्टेशनों के बीच लेवल क्रॉसिंग गेट नंबर 3 की जगह पर बनाया जा रहा है, जो बस स्टैंड रोड को गोरंटला गांव से जोड़ेगा।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com






