मंगलवार, सितम्बर 22, 2026

सीटेट राज्य टेट परीक्षा में क्या अंतर है?

Date:

सीटेट राज्य टेट

टीचर बनने के इच्छुक उम्मीदवारों के मन में सीटेट राज्य टेट को लेकर अक्सर असमंजस रहता है। यहाँ जानिए दोनों परीक्षाओं की पूरी और सटीक जानकारी।

मुख्य बातें

  • सीटेट (CTET) का आयोजन केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड यानी सीबीएसई द्वारा देश भर में किया जाता है।
  • राज्य टेट (State TET) का आयोजन संबंधित राज्य का शिक्षा बोर्ड या परीक्षा प्राधिकारी अपने राज्य के स्कूलों के लिए करता है।
  • दोनों ही परीक्षाएं शिक्षक पात्रता परीक्षा हैं, जो कक्षा 1 से 8 तक पढ़ाने के लिए जरूरी होती हैं।
  • एनसीटीई के नियमों के अनुसार अब दोनों ही प्रमाण पत्रों की वैधता आजीवन कर दी गई है।

सीटेट राज्य टेट दोनों ही शिक्षक बनने की पात्रता परीक्षाएं हैं, लेकिन इनमें मान्यता और कार्यक्षेत्र का मुख्य अंतर होता है। सीटीईटी यानी केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा पास करने पर आप देश भर के केंद्रीय विद्यालयों और नवोदय विद्यालयों में आवेदन के पात्र बनते हैं। वहीं, राज्य टेट पास करने पर आप मुख्य रूप से उसी राज्य के सरकारी विद्यालयों में शिक्षक पद के लिए योग्य माने जाते हैं।

सीटेट राज्य टेट में मुख्य अंतर क्या है?

सीटेट (CTET) और राज्य टेट (State TET) के बीच का सबसे बड़ा फर्क उनके कार्यक्षेत्र का है। सीटेट का सर्टिफिकेट पूरे भारत में केंद्रीय और कई राज्यों के स्कूलों में मान्य होता है। इसके विपरीत, राज्य टेट जैसे यूपीटेट (UPTET), रीट (REET) या बीटेट (BTET) केवल संबंधित राज्य की सीमाओं के भीतर ही लागू होते हैं।

मान लीजिए आपने सीटेट पास किया है, तो आप देश के किसी भी कोने में केंद्रीय विद्यालय (KVS) या नवोदय विद्यालय (NVS) की शिक्षक भर्ती के लिए आवेदन कर सकते हैं। यदि आपने केवल बिहार टेट पास किया है, तो आप मुख्य रूप से बिहार के राजकीय विद्यालयों की भर्तियों के लिए ही पात्र होंगे, हालांकि कुछ राज्य दूसरे राज्यों के सीटेट पास उम्मीदवारों को भी मौका देते हैं।

सीटेट राज्य टेट परीक्षा का पैटर्न और योग्यता

दोनों ही परीक्षाओं में दो पेपर होते हैं। पेपर 1 उन उम्मीदवारों के लिए होता है जो कक्षा 1 से 5 यानी प्राथमिक स्तर पढ़ाना चाहते हैं। पेपर 2 उन लोगों के लिए होता है जो कक्षा 6 से 8 यानी उच्च प्राथमिक स्तर के शिक्षक बनना चाहते हैं।

  • पेपर 1: प्राथमिक स्तर (कक्षा 1 से 5) के लिए।
  • पेपर 2: उच्च प्राथमिक स्तर (कक्षा 6 से 8) के लिए।
  • योग्यता: डी.एल.एड. (D.El.Ed), बी.टी.सी. (BTC) या बी.एड. (B.Ed) की डिग्री।
  • पासिंग मार्क्स: सामान्य वर्ग के लिए 60% अंक (150 में से 90 अंक) जरूरी होते हैं।

सीटेट और राज्य टेट में अंतर तालिका

विशेषतासीटेट (CTET)राज्य टेट (State TET)
आयोजक निकायसीबीएसई (CBSE)राज्य परीक्षा बोर्ड
क्षेत्रीय वैधताअखिल भारतीय (All India)संबंधित राज्य तक सीमित
मान्यता प्राप्त स्कूलकेंद्रीय, नवोदय, डीपीएस, आदिराज्य सरकार के स्कूल
प्रमाण पत्र वैधताआजीवन (Lifetime)आजीवन (अधिकांश राज्यों में)

क्या टीईटी पास करने से पक्की नौकरी मिल जाती है?

अक्सर उम्मीदवारों के मन में यह चिंता रहती है कि क्या सीटेट या राज्य टेट पास करने से सरकारी नौकरी मिल जाएगी। स्पष्ट रूप से समझें कि यह केवल एक पात्रता परीक्षा (Eligibility Test) है। इसे पास करने के बाद आपको संबंधित आयोग द्वारा निकाली जाने वाली शिक्षक भर्ती परीक्षा (जैसे सुपर टेट या मुख्य चयन परीक्षा) को भी पास करना होगा।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्रश्न? क्या सीटेट पास उम्मीदवार राज्य टेट के बराबर माने जाते हैं? उत्तर। हाँ, अधिकांश राज्य सीटेट पास उम्मीदवारों को अपने यहाँ की प्राथमिक शिक्षक भर्ती में शामिल होने की अनुमति देते हैं, लेकिन नियम राज्यों के अनुसार बदल सकते हैं।

प्रश्न? क्या इन परीक्षाओं में नेगेटिव मार्किंग होती है? उत्तर। वर्तमान में सीटेट और अधिकांश राज्य टेट परीक्षाओं में नेगेटिव मार्किंग का प्रावधान नहीं है।

प्रश्न? सीटेट परीक्षा साल में कितनी बार होती है? उत्तर। सीबीएसई आमतौर पर साल में दो बार सीटेट परीक्षा आयोजित करता है, जबकि राज्य टेट वर्ष में एक बार या आवश्यकतानुसार आयोजित किए जाते हैं।

यह लेख सामान्य जानकारी के लिए है। नियम और पात्रता शर्तें समय-समय पर बदल सकती हैं, इसलिए आवेदन करने से पहले सीबीएसई की आधिकारिक वेबसाइट ctet.nic.in या संबंधित राज्य के शिक्षा विभाग का पोर्टल अवश्य देखें।

आधिकारिक जानकारी और नवीनतम अपडेट के लिए: https://ctet.nic.in

यह लेख आज पत्रिका की एक्सप्लेनर डेस्क द्वारा सामान्य जागरूकता के लिए तैयार किया गया है। नियम और प्रक्रियाएं समय-समय पर बदल सकती हैं — कृपया आधिकारिक स्रोत से पुष्टि करें। सुधार/सुझाव: corrections@aajpatrika.com

अभिषेक सिंह
अभिषेक सिंह
अभिषेक सिंह आज पत्रिका में समाचार एवं व्यापार संपादक हैं। वे अर्थव्यवस्था, भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI), बैंकिंग, शेयर बाजार, सरकारी योजनाओं, रोज़गार और भर्ती से जुड़ी खबरों तथा पाठकों के काम आने वाली व्यावहारिक जानकारी (कैसे करें/स्टेप-बाय-स्टेप गाइड) की रिपोर्टिंग और संपादन करते हैं। वे सुनिश्चित करते हैं कि हर आँकड़ा, तिथि और प्रक्रिया आधिकारिक स्रोत से सत्यापित हो और लेख में मूल विज्ञप्ति या पोर्टल का लिंक दिया जाए। किसी गलती की सूचना के लिए: corrections@aajpatrika.com।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

स्वच्छता ही सेवा अभियान 2026: उर्वरक विभाग ने की समीक्षा बैठक

प्रेस सूचना ब्यूरो के अनुसार, उर्वरक विभाग ने स्वच्छता ही सेवा अभियान 2026 को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की है। जानें अभियान की पूरी रूपरेखा।

आर्थिक समावेशन पहल से वंचित समुदायों को मिल रही 15 करोड़ तक की मदद

सामाजिक न्याय मंत्रालय की आर्थिक समावेशन पहल के तहत अनुसूचित जाति और पिछड़े वर्गों के उद्यमियों को 15 करोड़ तक का लोन मिल रहा है।

प्रेगनेंसी डाइट: क्या खाएं, किन चीजों से बचें और जरूरी सावधानियां

प्रेगनेंसी डाइट में क्या शामिल करें और किन चीजों से परहेज करें। जानिए मां और शिशु के स्वास्थ्य के लिए सही खान-पान की पूरी जानकारी।

अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया 2026: योग्यता, ऑनलाइन परीक्षा और चयन के चरण

अग्निवीर भर्ती प्रक्रिया 2026 की पूरी जानकारी। जानें ऑनलाइन परीक्षा, शारीरिक दक्षता, योग्यता और चयन के सभी चरणों के बारे में विस्तार से।
हमारे बारे में · संपादकीय नीति · सुधार नीति · स्वामित्व एवं वित्त पोषण · गोपनीयता नीति · संपर्क करें
© 2026 Aaj Patrika