
इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आईपीपीबी) ने अपने 9वें स्थापना दिवस पर व्यापारियों के लिए डाकपे साउंड बॉक्स और डिजिटल बीमा व म्यूचुअल फंड प्लेटफॉर्म लॉन्च किए हैं।
मुख्य बातें
- आईपीपीबी ने 1 सितंबर 2026 को अपना 9वां स्थापना दिवस मनाया।
- व्यापारियों के लिए डाकपे साउंड बॉक्स और डिजिटल बीमा व म्यूचुअल फंड प्लेटफॉर्म लॉन्च किए गए।
- 31 मार्च 2026 तक बैंक के 13.25 करोड़ ग्राहक हैं, जिनमें 77% ग्रामीण और 49% महिलाएं हैं।
- बैंक ने पिछले वर्ष एसएचजी, सुरक्षित और संपूर्ण बचत खाता जैसी विशेष सेवाएं शुरू की थीं।
इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आईपीपीबी) ने हाल ही में अपना 9वां स्थापना दिवस धूमधाम से मनाया, जिसमें देश भर में सुलभ, समावेशी और प्रौद्योगिकी-सक्षम वित्तीय सेवाओं के विस्तार के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को एक बार फिर दोहराया। पीआईबी के अनुसार, हर नागरिक तक बैंकिंग सेवाएं पहुंचाने के मकसद से शुरू किए गए आईपीपीबी ने अंतिम छोर तक वित्तीय सेवाएं प्रदान करने का एक अनूठा मॉडल तैयार करने के लिए इंडिया पोस्ट के व्यापक नेटवर्क का उपयोग किया है। पिछले नौ वर्षों में यह बैंक नागरिकों को बैंकिंग, डिजिटल भुगतान और अन्य आवश्यक वित्तीय सेवाओं से जोड़ने वाला एक महत्वपूर्ण प्लेटफ़ॉर्म बनकर उभरा है। इस विशेष अवसर पर बैंक ने कई नई घोषणाएं की हैं जो देश के वित्तीय परिदृश्य को और अधिक मजबूत बनाएंगी।
आईपीपीबी स्थापना दिवस पर नए डिजिटल प्लेटफॉर्म और साउंड बॉक्स की सौगात
9वें स्थापना दिवस समारोह के एक भाग के रूप में, आईपीपीबी ने व्यापारियों के लिए डाकपे साउंड बॉक्स लॉन्च करने की घोषणा की है, जिसे व्यापारियों के लिए दैनिक डिजिटल भुगतान स्वीकृति को सरल और मजबूत बनाने के लिए डिज़ाइन किया गया है। इसके अलावा, बैंक ने अपने ‘डिजिटल इंश्योरेंस टेक्नोलॉजी प्लेटफॉर्म’ के शुभारंभ की भी घोषणा की, जिसे ग्राहकों को जीवन, स्वास्थ्य और सामान्य बीमा के अवसरों से जोड़कर बीमा समाधान प्रदान करने के लिए तैयार किया गया है। साथ ही, एक डिजिटल म्यूचुअल फंड प्लेटफॉर्म भी शुरू किया गया है, जिसका उद्देश्य ग्राहकों को एक सरल, सुलभ और सहज डिजिटल निवेश अनुभव प्रदान करना है। ये नए प्लेटफॉर्म मिलकर आईपीपीबी के प्रस्ताव में एक महत्वपूर्ण विस्तार का प्रतिनिधित्व करते हैं, जो दैनिक बैंकिंग से लेकर सुरक्षा और निवेश तक बेहतर पहुंच सुनिश्चित करते हैं।
31 मार्च 2026 तक बैंक की प्रमुख उपलब्धियां और आंकड़े
पीआईबी द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, 31 मार्च 2026 तक पूरे भारत में आईपीपीबी के 13.25 करोड़ ग्राहक हैं, जिनमें से 77 प्रतिशत ग्रामीण इलाकों से और 49 प्रतिशत महिला ग्राहक शामिल हैं। इन ग्राहकों ने बैंक में कुल 29,104 करोड़ रुपये जमा किए हैं। बैंक के माध्यम से 21.61 लाख करोड़ रुपये के डिजिटल वित्तीय लेनदेन हुए हैं, जिसमें 7.41 लाख करोड़ रुपये मूल्य का यूपीआई रेमिटेंस भी शामिल है। इसके अलावा, 6.5 करोड़ डीबीटी लाभार्थियों को लगभग 1.55 लाख करोड़ रुपये का लाभ मिला है और 12.06 करोड़ आधार सक्षम भुगतान प्रणाली लेनदेन दर्ज किए गए हैं। पेंशनभोगियों को 29.43 लाख डिजिटल जीवन प्रमाण पत्र भी जारी किए गए हैं, जो बैंक की बढ़ती पहुंच को दर्शाते हैं।
आईपीपीबी स्थापना दिवस और वित्तीय समावेशन की दिशा में कदम
आईपीपीबी के प्रबंध निदेशक एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री आर. विश्वेश्वरन ने स्थापना दिवस के अवसर पर कहा कि यह उत्सव उन आकांक्षाओं के लिए एक लॉन्चpad भी है जिन्हें आने वाले वर्षों में हासिल किया जाना है। वित्तीय समावेशन की यात्रा को आगे बढ़ाने के लिए, बैंक ने पिछले वर्ष के दौरान एसएचजी बचत खाता, सुरक्षित बचत खाता (साइबर-बीमा कवर के साथ) और संपूर्ण बचत खाता जैसी तीन विशेष सेवाएं शुरू की थीं। संचार मंत्रालय के डाक विभाग के तहत 100% भारत सरकार की हिस्सेदारी के साथ 1 सितंबर 2018 को स्थापित यह बैंक आज देश के 5.57 लाख गांवों और कस्بों में अपनी सेवाएं दे रहा है। बैंक का मुख्य उद्देश्य उन लोगों तक बैंकिंग पहुंचाना है जिनकी पहुंच अब तक इस सुविधा तक नहीं थी।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आईपीपीबी) की स्थापना कब हुई थी?
उत्तर। आईपीपीबी को 1 सितंबर 2018 को संचार मंत्रालय के डाक विभाग के तहत शुरू किया गया था।
प्रश्न? 9वें स्थापना दिवस पर आईपीपीबी ने कौन से प्रमुख उत्पाद लॉन्च किए हैं?
उत्तर। बैंक ने व्यापारियों के लिए डाकपे साउंड बॉक्स और डिजिटल बीमा व म्यूचुअल फंड प्लेटफॉर्म लॉन्च किए हैं।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com






