बुधवार, सितम्बर 2, 2026

पृथ्वी विज्ञान क्विज़: MyGov पर आयोजित प्रतियोगिता में जीतें नकद इनाम

Date:

पृथ्वी विज्ञान क्विज़

पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के 20 वर्ष पूरे होने पर MyGov के साथ मिलकर ऑनलाइन राष्ट्रीय क्विज़ शुरू किया गया है, जिसमें 10 हजार रुपये का नकद पुरस्कार और डिजिटल प्रमाणपत्र दिया जा रहा है।

मुख्य बातें

  • पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय के 20 वर्ष पूरे होने पर MyGov पोर्टल पर राष्ट्रीय क्विज़ का आयोजन।
  • प्रतिभागियों को 300 सेकंड (5 मिनट) में 100 बहुविकल्पीय प्रश्नों के उत्तर देने होंगे।
  • शीर्ष 3 विजेताओं को 10-10 हजार रुपये का नकद पुरस्कार दिया जाएगा।
  • क्विज़ पूरा करने वाले हर प्रतिभागी को डिजिटल प्रमाणपत्र तुरंत डाउनलोड करने का अवसर मिलेगा।

पृथ्वी विज्ञान क्विज़ की शुरुआत पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय (एमओईएस) द्वारा अपने गठन के 20 साल पूरे होने के उपलक्ष्य में की गई है। इस ऑनलाइन प्रतियोगिता का आयोजन माईगॉव (MyGov) प्लेटफॉर्म के सहयोग से किया जा रहा है। इसका मुख्य उद्देश्य देशवासियों को भारत की वैज्ञानिक उपलब्धियों, मौसम प्रणाली, जलवायु अध्ययन, समुद्र विज्ञान, ध्रुवीय अनुसंधान और भूकंप विज्ञान के बारे में जागरूक करना है। यदि आप भी विज्ञान में रुचि रखते हैं और अपनी जानकारी का परीक्षण करना चाहते हैं, तो यह राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता आपके लिए एक बेहतरीन अवसर है।

पृथ्वी विज्ञान क्विज़ का उद्देश्य और पृष्ठभूमि

भारत सरकार का पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय पिछले दो दशकों से देश में वैज्ञानिक उत्कृष्टता, नवाचार और जनसेवा के क्षेत्र में निरंतर कार्य कर रहा है। मंत्रालय की स्थापना के 20वीं वर्षगांठ के इस ऐतिहासिक पड़ाव को चिह्नित करने के लिए इस विशेष प्रतियोगिता को शुरू किया गया है। पृथ्वी प्रणाली विज्ञान के विविध क्षेत्रों जैसे मानसून, चक्रवात पूर्वानुमान, महासागरीय संसाधन, अंटार्कटिका और अर्कटिक अध्ययन तथा भूकंपीय गतिविधियों की निगरानी में भारत ने अभूतपूर्व प्रगति की है।

यह पृथ्वी विज्ञान क्विज़ नागरिकों को इन राष्ट्रीय उपलब्धियों से सीधे जोड़ने का प्रयास करता है। सरकार का मानना है कि ‘विकसित भारत 2047’ के राष्ट्रीय दृष्टिकोण को साकार करने में देश के युवाओं और आम नागरिकों की वैज्ञानिक समझ अत्यंत महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। इसलिए इस प्रतियोगिता के माध्यम से समाज के सभी वर्गों में अनुसंधान और पृथ्वी प्रणाली विज्ञान के प्रति जिज्ञासा जगाने का प्रयास किया जा रहा है।

पृथ्वी विज्ञान क्विज़ की प्रमुख विशेषताएं और नियम

इस पृथ्वी विज्ञान क्विज़ की संरचना और समय सीमा को बेहद रोचक और चुनौतीपूर्ण बनाया गया है। प्रतियोगिता से जुड़ी मुख्य विशेषताएं निम्नलिखित हैं:

  • प्रश्नों का प्रारूप: क्विज़ में कुल 100 बहुविकल्पीय प्रश्न (MCQs) शामिल किए गए हैं जो पृथ्वी प्रणाली विज्ञान के विभिन्न आयामों से संबंधित हैं।
  • समय सीमा: प्रतिभागियों को सभी 100 प्रश्नों के उत्तर देने के लिए कुल 300 सेकंड यानी 5 मिनट का समय दिया जाएगा।
  • आधिकारिक प्लेटफॉर्म: इस प्रतियोगिता का संचालन केवल MyGov पोर्टल के माध्यम से किया जा रहा है, जहां भाग लेने के लिए यूजर प्रमाणीकरण आवश्यक है।
  • प्रयास सीमा: प्रत्येक प्रतिभागी अपने पंजीकृत मोबाइल नंबर या ईमेल आईडी के माध्यम से केवल एक ही बार प्रयास कर सकता है।
  • पात्रता: भारत के सभी नागरिक इस प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए पात्र हैं। केवल पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय और MyGov के कर्मचारी तथा उनके प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष परिजन इसमें शामिल नहीं हो सकते।

पुरस्कार और डिजिटल प्रमाणपत्र की जानकारी

इस प्रतियोगिता में व्यापक जनभागीदारी को प्रोत्साहित करने के लिए आकर्षक पुरस्कारों की घोषणा की गई है। पृथ्वी विज्ञान क्विज़ में भाग लेने वाले प्रत्येक व्यक्ति को मंत्रालय और MyGov की ओर से एक डिजिटल भागीदारी प्रमाणपत्र तुरंत प्रदान किया जाएगा। यह प्रमाणपत्र प्रतियोगिता को सफलतापूर्वक पूरा करते ही स्वतः डाउनलोड के लिए उपलब्ध हो जाता है।

इसके अलावा, उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागियों के लिए नकद पुरस्कार की व्यवस्था भी की गई है। 300 सेकंड की समय सीमा के भीतर सभी प्रश्नों का सही उत्तर देने वाले शीर्ष प्रतिभागियों में से तीन विजेताओं का चयन किया जाएगा। इन शीर्ष 3 विजेताओं को 10-10 हजार रुपये (₹10,000) का नकद पुरस्कार प्रदान किया जाएगा। विजेताओं का चयन प्रणाली द्वारा निष्पक्ष और पारदर्शी स्वचालित यादृच्छिक (रैंडम) प्रक्रिया के जरिए किया जाएगा। पृथ्वी विज्ञान क्विज़ के तहत पुरस्कार राशि के वितरण से पहले प्रतिभागियों के प्रोफाइल और पहचान पत्र का सत्यापन किया जाएगा।

पृथ्वी विज्ञान क्विज़ में भाग लेने की प्रक्रिया

यदि आप भी इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में भाग लेना चाहते हैं, तो प्रक्रिया बेहद सरल है। प्रतिभागियों को सबसे पहले आधिकारिक MyGov पोर्टल पर जाना होगा। वहां अपने पंजीकृत मोबाइल नंबर, ईमेल या अन्य क्रेडेंशियल्स का उपयोग करके लॉग इन करना होगा। यदि आपका MyGov अकाउंट नहीं है, तो आप नया अकाउंट बनाकर भी इसमें हिस्सा ले सकते हैं।

लॉग इन करने के बाद, आपको पृथ्वी विज्ञान क्विज़ के बैनर पर क्लिक करना होगा। प्रतियोगिता शुरू करने से पहले दिए गए सभी निर्देशों को ध्यानपूर्वक पढ़ें। जैसे ही आप ‘स्टार्ट क्विज़’ बटन दबाएंगे, आपका 5 मिनट (300 सेकंड) का टाइमर शुरू हो जाएगा। आपको निर्धारित समय के अंदर अधिक से अधिक प्रश्नों के सही विकल्प का चयन करना होगा। क्विज़ समाप्त होने के बाद आप अपना भागीदारी प्रमाणपत्र तुरंत डाउनलोड कर सकते हैं। अपने प्रोफाइल डेटा जैसे नाम, पता और संपर्क विवरण को अपडेट रखना आवश्यक है ताकि चयन होने पर पुरस्कार आसानी से प्राप्त हो सके।

इस प्रकार, पृथ्वी विज्ञान क्विज़ न केवल आपके ज्ञान को परखने का एक मंच है, बल्कि यह देश के पृथ्वी विज्ञान क्षेत्र में पिछले 20 वर्षों की उपलब्धियों का जश्न मनाने का भी माध्यम है। इस प्रतियोगिता से जुड़कर नागरिक भारत की वैज्ञानिक प्रगति के साक्षी बन सकते हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

प्रश्न: पृथ्वी विज्ञान क्विज़ में कौन-कौन भाग ले सकता है?
उत्तर: भारत का कोई भी नागरिक इस प्रतियोगिता में भाग ले सकता है। केवल पृथ्वी विज्ञान मंत्रालय और MyGov के कर्मचारियों एवं उनके परिजनों को इसमें भाग लेने की अनुमति नहीं है।

प्रश्न: पृथ्वी विज्ञान क्विज़ में कितने प्रश्न होंगे और कितना समय मिलेगा?
उत्तर: क्विज़ में कुल 100 बहुविकल्पीय प्रश्न होंगे और इन्हें हल करने के लिए प्रतिभागियों को 300 सेकंड (5 मिनट) का समय मिलेगा।

प्रश्न: प्रतियोगिता जीतने पर क्या पुरस्कार दिया जाएगा?
उत्तर: सभी प्रश्नों का सही उत्तर देने वाले प्रतिभागियों में से चुने गए शीर्ष 3 विजेताओं को ₹10,000 का नकद पुरस्कार मिलेगा। साथ ही सभी प्रतिभागियों को डिजिटल प्रमाणपत्र मिलेगा।

यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com

अभिषेक सिंह
अभिषेक सिंह
अभिषेक सिंह आज पत्रिका के समाचार संपादक हैं और अर्थव्यवस्था, बाज़ार, रोज़गार तथा शिक्षा से जुड़ी खबरें देखते हैं।

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Share post:

Subscribe

spot_imgspot_img

Popular

More like this
Related

भारत का भुगतान संतुलन चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में 4.2 अरब डॉलर घाटे में

भारतीय रिज़र्व बैंक के अनुसार 2026-27 की पहली तिमाही में भुगतान संतुलन का चालू खाता घाटा 4.2 अरब डॉलर दर्ज किया गया। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।

एनएफएससी योजना ने मल्लेला पृथ्वी राजू को वैज्ञानिक शोध में कैसे बढ़ाया आगे

पीआईबी के अनुसार जानिए कैसे एनएफएससी योजना ने आर्थिक तंगी से जूझ रहे मल्लेला पृथ्वी राजू को वैज्ञानिक शोध में मदद कर पीएचडी पूरी कराई।

आईपीपीबी स्थापना दिवस 2026: बैंक ने पूरे किए 9 साल, लॉन्च किए नए डिजिटल प्लेटफॉर्म

आईपीपीबी स्थापना दिवस 2026 के अवसर पर बैंक ने अपने 9वें साल में व्यापारियों के लिए डाकपे साउंड बॉक्स और नए डिजिटल प्लेटफॉर्म लॉन्च किए हैं। पूरी खबर पढ़ें।

सीसीआई मंजूरी 2026: किड्स क्लिनिक द्वारा अपोलो फर्टिलिटी और स्पेशलिटी हॉस्पिटल्स के अधिग्रहण को हरी झंडी

सीसीआई मंजूरी 2026 के तहत किड्स क्लिनिक इंडिया द्वारा अपोलो फर्टिलिटी और स्पेशलिटी हॉस्पिटल्स के अधिग्रहण को मंजूरी मिल गई है। पूरी खबर पढ़ें।
हमारे बारे में · संपादकीय नीति · सुधार नीति · स्वामित्व एवं वित्त पोषण · गोपनीयता नीति · संपर्क करें
© 2026 Aaj Patrika