
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (एसआरसीसी) के 100 वर्ष पूरे होने पर आयोजित शताब्दी समारोह को संबोधित किया और भारत की आर्थिक प्रगति के आंकड़े सामने रखे।
मुख्य बातें
- प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (एसआरसीसी) के 100 साल पूरे होने पर आयोजित शताब्दी समारोह में हिस्सा लिया।
- पीआईबी के अनुसार, पीएम मोदी ने पश्चिम एशिया के युद्ध और वैश्विक बाधाओं के बीच भारत की तिमाही विकास दर 7.8 प्रतिशत रहने का जिक्र किया।
- जन धन योजना के 12 वर्षों में लगभग 60 करोड़ नागरिक बैंकिंग प्रणाली से जुड़े हैं।
- देश का रक्षा निर्यात 2013-14 के 600-700 करोड़ रुपये से बढ़कर अब 40,000 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया है।
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (एसआरसीसी) के 100 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में आयोजित एसआरसीसी शताब्दी समारोह में हिस्सा लिया। पीआईबी के अनुसार, इस अवसर पर उन्होंने कॉलेज के साथ देश के शिक्षा जगत की ऐतिहासिक यात्रा को याद किया और भारत की मजबूत होती अर्थव्यवस्था तथा विभिन्न क्षेत्रों में आई रफ्तार पर खुलकर बात की।
एसआरसीसी शताब्दी समारोह में प्रधानमंत्री का संबोधन
एसआरसीसी शताब्दी समारोह में बोलते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि जब कोई संस्थान एक सदी पूरी करता है, तो वह प्रेरणाओं का महासागर बन जाता है। दरियागंज की एक छोटी सी इमारत से शुरू होकर यह शिक्षण संस्थान आज देश भर में अपनी प्रतिष्ठा के लिए जाना जाता है। उन्होंने अरुण जेटली और संजीव सान्याल जैसे प्रतिष्ठित पूर्व छात्रों को याद करते हुए कहा कि इस कॉलेज के एल्युमिनाई ने हर क्षेत्र में देश का नाम रोशन किया है।
अर्थव्यवस्था और विकास के आंकड़े
देश की आर्थिक स्थिति पर बात करते हुए प्रधानमंत्री ने आलोचकों को आंकड़ों के जरिए जवाब दिया। उन्होंने बताया कि वैश्विक अनिश्चितताओं के बीच भारत की तिमाही विकास दर 7.8 प्रतिशत दर्ज की गई है। इसके अलावा, बिजली उत्पादन में 9 प्रतिशत की वृद्धि और वाहनों की बिक्री में 20 प्रतिशत से अधिक का उछाल आया है।
- अप्रैल से जून के बीच बिजली उत्पादन में 9 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई।
- दोपहिया वाहनों की बिक्री में 20 प्रतिशत और तिपहिया वाहनों में करीब 30 प्रतिशत की तेजी आई।
- स्मार्टफोन का निर्यात 2.5 लाख करोड़ रुपये के आंकड़े को पार कर चुका है।
- स्वदेशी रक्षा उत्पादन लगभग 2 लाख करोड़ रुपये और रक्षा निर्यात 40,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गया है।
सुशासन और मेक इन इंडिया की सफलता
पीआईबी के अनुसार, सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए प्रधानमंत्री ने जन धन योजना के सफल 12 वर्षों का उदाहरण दिया। आज इस योजना के माध्यम से करीब 60 करोड़ लोग बैंकिंग व्यवस्था से जुड़ चुके हैं। उन्होंने ‘मेक इन इंडिया’ पहल की सफलता को रेखांकित करते हुए कहा कि देश अब बड़े आयातक की जगह प्रमुख निर्यातक के रूप में उभर रहा है।
विकसित भारत का रोडमैप
युवा शक्ति की क्षमता पर भरोसा जताते हुए प्रधानमंत्री ने एक आत्मनिर्भर भारत का रोडमैप साझा किया। उन्होंने कहा कि भारत को कृषि निर्यात का ग्लोबल हब बनाना है, अपना अंतरिक्ष स्टेशन स्थापित करना है और ओलंपिक खेलों की मेजबानी भी करनी है। उन्होंने छात्रों से निराशावादी तत्वों से सावधान रहने और बड़े सपने देखने का आह्वान किया।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? एसआरसीसी शताब्दी समारोह का आयोजन किस अवसर पर किया गया था?
उत्तर। यह समारोह श्री राम कॉलेज ऑफ कॉमर्स (एसआरसीसी) के स्थापना के 100 वर्ष पूरे होने के उपलक्ष್ಯ में आयोजित किया गया था।
प्रश्न? प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में मुख्य रूप से किन विषयों पर चर्चा की?
उत्तर। प्रधानमंत्री ने कॉलेज की विरासत के साथ-साथ देश की आर्थिक विकास दर, रक्षा निर्यात, बुनियादी ढांचे के विकास और युवाओं की भूमिका पर चर्चा की।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com





