
नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में आयोजित 9वें नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने पूर्वोत्तर के युवाओं को सम्बोधित किया।
मुख्य बातें
- केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में आयोजित 9वें नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट में शामिल हुए।
- नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के पीड़ितों के प्रति एकजुटता व्यक्त करते हुए दो मिनट का मौन रखा गया।
- माई होम इंडिया संस्था के 21 वर्षों के सामाजिक योगदान और युवा सशक्तिकरण के प्रयासों को सराहा गया।
- पूर्वोत्तर की स्टार खिलाड़ी मीराबाई चानू और लवलीना बोरगोहेन की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए युवाओं को ‘विकसित भारत’ का निर्माता बताया।
केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में आयोजित 9वें नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट में भाग लिया और पूर्वोत्तर राज्यों के विद्यार्थियों को सम्बोधित किया। केंद्रीय संचार एवं पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास (DoNER) मंत्री सिंधिया ने फेस्ट में शामिल युवाओं की ऊर्जा और रचनात्मकता की सराहना की। इस अवसर पर उन्होंने पूर्वोत्तर के युवाओं को ‘विकसित भारत’ का वास्तविक विकास इंजन बताया।
नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट क्या है?
नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट नई दिल्ली में आयोजित होने वाला एक प्रमुख सामाजिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम है, जो पूर्वोत्तर भारत के विद्यार्थियों को अपनी कला, संस्कृति और प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए एक साझा मंच प्रदान करता है। गैर-सरकारी संगठन ‘माई होम इंडिया’ द्वारा आयोजित यह फेस्ट राष्ट्रीय एकता, सामाजिक समरसता और युवा सशक्तीकरण को बढ़ावा देने की दिशा में काम करता है।
9वें नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट का मुख्य संदेश
तालकटोरा स्टेडियम में आयोजित इस समारोह में केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ में जान गंवाने वाले लोगों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने स्टेडियम में मौजूद सभी विद्यार्थियों और अतिथियों से दो मिनट का मौन रखने की अपील की। सिंधिया ने कहा कि पड़ोसी देश में आई यह प्राकृतिक आपदा बेहद दुखद है और भारत संकट की इस घड़ी में बाढ़ पीड़ितों के साथ मजबूती से खड़ा है।
9वें नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट में अपने सम्बोधन के दौरान सिंधिया ने भारत की नदियों की एकता का अनूठा उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि गंगा, यमुना, सरस्वती और ब्रह्मपुत्र जैसी नदियां देश के अलग-अलग क्षेत्रों से निकलती हैं और विभिन्न भू-भागों से होकर बहती हैं। इसके बावजूद, अंत में ये नदियां अपनी मूल पहचान खोए बिना एक विशाल शक्ति के रूप में आपस में मिल जाती हैं। इसी प्रकार भारत की सांस्कृतिक और क्षेत्रीय विविधता भी देश को एक सूत्र में पिरोती है।
माई होम इंडिया संस्था का 21 वर्षों का सफर
केंद्रीय मंत्री ने पिछले 21 वर्षों से सामाजिक कार्य कर रही संस्था ‘माई होम इंडिया’ के प्रयासों को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि यह पहल पूर्वोत्तर क्षेत्र से दिल्ली और देश के अन्य हिस्सों में पढ़ाई करने आने वाले युवाओं के लिए घर से दूर एक घर जैसी सुविधा और अपनापन देने के उद्देश्य से शुरू हुई थी। समय के साथ माई होम इंडिया द्वारा आयोजित नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट एक विशाल राष्ट्रीय मंच बन चुका है।
पूर्वोत्तर राज्यों के हजारों विद्यार्थी प्रतिवर्ष शिक्षा और रोजगार के अवसरों के लिए दिल्ली आते हैं। ऐसे में नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट युवाओं को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जोड़े रखने और विविधता का जश्न मनाने का बेहतरीन मौका देता है। यह मंच अलग-अलग राज्यों के छात्रों के बीच आपसी संवाद और साझा सांस्कृतिक सम्बंधों को सुदृढ़ करता है।
पूर्वोत्तर की युवा प्रतिभाएं और खेल उपलब्धियां
सिंधिया ने पूर्वोत्तर क्षेत्र की युवा शक्ति की सराहना करते हुए कहा कि खेल, संगीत, शिक्षा, प्रौद्योगिकी और नवाचार के क्षेत्रों में यहाँ के युवाओं ने राष्ट्रीय एवं अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर अमिट छाप छोड़ी है। उन्होंने कहा कि पूर्वोत्तर की प्रतिभा पूरे देश के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
अपने भाषण में केंद्रीय मंत्री ने भारत का नाम रोशन करने वाली पूर्वोत्तर की प्रमुख महिला खिलाड़ियों का विशेष उल्लेख किया:
- मीराबाई चानू: भारोत्तोलन (वेटलिफ्टिंग) के क्षेत्र में अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भारत का परचम लहराने वाली शीर्ष एथलीट।
- लवलीना बोरगोहेन: मुक्केबाजी (बॉक्सिंग) में देश के लिए कई पदक जीतकर युवाओं को प्रेरित करने वाली स्टार बॉक्सर।
- युवा उद्यमी और नवाचार: पूर्वोत्तर के युवा तकनीक और नए स्टार्ट-अप के माध्यम से देश के विकास में योगदान दे रहे हैं।
- सांस्कृतिक पहचान: संगीत, नृत्य और लोक कलाओं के माध्यम से भारत की सांस्कृतिक धरोहर को समृद्ध बना रहे हैं।
सांस्कृतिक प्रस्तुतियां और पुरस्कार वितरण
नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट में पूर्वोत्तर के विभिन्न राज्यों के छात्रों ने पारंपरिक नृत्य और संगीत प्रस्तुत किए। रंग-बिरंगी पोशाकों में सजे विद्यार्थियों ने अपनी लोक कलाओं का प्रदर्शन कर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। इस अवसर पर आयोजित नृत्य प्रतियोगिता के विजेताओं को केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने स्वयं सम्मानित किया।
सिंधिया ने प्रतियोगिता में भाग लेने वाले सभी प्रतिभागियों के प्रयासों की प्रशंसा की और विजेताओं को बधाई दी। उन्होंने कहा कि इस तरह के सांस्कृतिक आयोजन देश की विविधता में एकता की भावना को नया जीवन देते हैं और युवाओं में आत्मविश्वास का संचार करते हैं।
पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास (DoNER) मंत्रालय का विजन
पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्रालय (DoNER) भारत के पूर्वोत्तर राज्यों असम, अरुणाचल प्रदेश, मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नागालैंड, त्रिपुरा और सिक्किम के सर्वांगीण विकास के लिए कार्य करता है। मंत्रालय का मुख्य उद्देश्य इन राज्यों में बुनियादी ढांचे का विस्तार, शिक्षा, स्वास्थ्य, पर्यटन और युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा करना है।
पूर्वोत्तर क्षेत्र में कनेक्टिविटी और इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास से युवाओं के लिए नए द्वार खुले हैं। अब यह क्षेत्र मुख्यधारा की अर्थव्यवस्था से मजबूती से जुड़ रहा है। नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट जैसे आयोजन युवाओं की सामाजिक और सांस्कृतिक सहभागिता को बढ़ावा देकर इस विकास यात्रा में सहयोग करते हैं।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
प्रश्न? 9वें नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट का आयोजन कहाँ किया गया?
उत्तर: 9वें नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट का आयोजन नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में किया गया।
प्रश्न? इस आयोजन में किस केंद्रीय मंत्री ने भाग लिया?
उत्तर: केंद्रीय संचार और पूर्वोत्तर क्षेत्र विकास मंत्री ज्योतिरादित्य एम. सिंधिया ने इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया।
प्रश्न? नॉर्थईस्ट स्टूडेंट्स फेस्ट का आयोजन किस संस्था द्वारा किया जाता है?
उत्तर: इस फेस्ट का आयोजन ‘माई होम इंडिया’ नामक संस्था द्वारा राष्ट्रीय एकता और युवा सशक्तीकरण को बढ़ावा देने के लिए किया जाता है।
यह रिपोर्ट PIB (पत्र सूचना कार्यालय) द्वारा जारी आधिकारिक जानकारी पर आधारित है। स्रोत: PIB (पत्र सूचना कार्यालय)। त्रुटि की सूचना: corrections@aajpatrika.com






